चुनाव


 चुनाव चुनाव सब करे, मतलब समझे ना कोई,

सरकार किसी की भी बने, घाटा तो जनता को होइ |

वादे करके उन्नति के, जनता को उल्लू पटाते है,

चाँद की बाते करते रहते, बादल तक छू ना पाते है,

Read More »